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जामिया तिरमिज़ी, जिल्द 2,1383-हसन


Bismillahirrahmanirrahim
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الْحَمْدُ لِلَّهِ الَّذِي أَطْعَمَنِي هَذَا وَرَزَقَنِيهِ مِنْ غَيْرِ حَوْلٍ مِنِّي وَلاَ قُوَّةٍ ‏‏ 
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✦ सहल बिन मुआज़ रदी अल्लाहू अन्हु से रिवायत है की रसूल-अल्लाह सल-अल्लाहू अलैही वसल्लम ने फरमाया जो शख्स खाना खाने के बाद ये दुआ पढ़ेगा 
तो उसके तमाम पिछले गुनाह माफ़ कर दिए जाएँगे
अल्हाम्दुलिल्लाहिल्लज़ी अतअमनी हाज़ा व रज़कनिही मीन गैरि हौलिन मिन्नी वा ला कुव्वातिन 
(तमाम तारीफें उस अल्लाह के लिए है जिसने मुझे ये खाना खिलाया और मेरी क़ुदरत और ताक़त ना होने के बावजूद ये अता फरमाया )
जामिया तिरमिज़ी, जिल्द 2,1383-हसन
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